वह मेरे सपनों के राजकुंवर,
मैं आ गई तेरे शहर।
मुझे बाहों में ले प्यार कर,
सपनों से कर इनकार,
अपनों से कर इकरार।
मेरे मांग का सिंदूर है तू,
मेरे जीवन का नूर है तू।
मेरी जान है तू, अभिमान है तू।
मेरे सपनों का फरमान है तू ।
मुझे बना कर अपना जीवन साथी,
सात फेरों का पहना दे कंगन,
रंग-बिरंगे फूलों से आबाद करूंगा तेरा आंगन।
यूं खींझ ना प्रेम पूजारन आई है तेरे दर,
ओ मेरे सपनों के राजकुंवर में आ गई तेरे शहर..1.
ओ मेरे सपनों की रानी, तू है मेरी प्रेम कहानी। तुझे बाहों में ले तेरी मांग भरूंगा,
तेरे प्रेम रस का पान करूंगा।
झूमूंगा तेरे नयनों के झील में,
खुद को डूबोउगां तेरे नैनों की झील में।
ना ना ना सजना खुद को ना डूबोना,
मेरे जागते अरमानों को न तोड़ना।
तुम भी कितनी भोली हो,
बिल्कुल जैसे कली हो।
आओ कुछ बातें हों, मुलाकाते हों।
बातों का पुल बनाते हो, तुम जब मुस्कुराते हो। देखो यह हवाओं का झोंका लेकर आया है लहर, मेरे सपनों के राजकुमार...2.
जरा देखो बादल को, छोड़ो मेरे आंचल को।
सुनो हवाएं कुछ गुनगुनाए? क्या गुनगुनाए?
तुम भी गुनगुनावो, प्रीत का गीत सुनाओ।
मीत बुलाओ, जाल में फंसावो।
उसे नाचावो, वो मेहरबा आओ ।
तू ही मेरा प्रीत है गीत है, मेरे प्यारा गीत है।
जब राधा नाची तो कृष्ण ने छेड़ी है तान,
तू नाचेगी तो मैं बजाऊंगा ना जी ना ।
मेरे संग संग नाचोगे गाओगे छोड़ोगे तान।
तुझे तय करना मेरे साथ सफर,
वह मेरे सपनों के राजकुंवर...3.
(रूप बदलकर परीक्षा लेता है )
खुशबू का खजाना लिए, ढूंढे तू किसको प्रिय। (चलती जा रही है)
रूप की रानी,क्या है तेरी कहानी ?
(झिडकते हुए आगे आकर व्यंग करता है)
आलू के साले, टमाटर के लाले।
चला जा वरना पड़ जाएंगे तेरी जान के लाले,
मैं मासूम कली तू तो है बिजली।
लगता है तुझको चढ़ा है नशा,
लगाम करना होगा कसा।
(पीछे से दौड़ कर बाहों में भर कर फिर वह पीछे मुड़कर दोनों गालों पर ताक धिना धिना।बाबा फेस उतर जाता है)
हाय राम मुझसे हो गई भूल,
नहीं यह तो है मोहब्बत का फूल।
मुझे माफ कर दो, तुम जो चाहे वह सजा दे।
जरूर तुझे दूंगा सजा, बोल तेरी क्या है रजा।
या खुदा तुझे कोई गम ना हो,
संग तेरे मंजरे खुशियां हरदम हो।
तेरे हिस्से के जख्मों का खंजर मुझे चुभो दे,
मेरे खुशियों का गट्ठर तुझे दे दे।
तेरे बिना मैं रह नहीं सकता,
जुदाई का जहर पी नहीं सकता।
या खुदा हर फजल से आबाद हो मेरा शहर,
तू मेरी है शोहरेजबी मैं हूं तेरा राजकुमार...4.
✏श्रीनिवास द्विवेदी।
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